
देहरादून।
पटेलनगर थाना क्षेत्र में अवैध रूप से रह रही एक बांग्लादेशी महिला को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी महिला के पास से तीन फर्जी वोटर कार्ड, एक फर्जी पैन कार्ड, एक फर्जी आधार कार्ड, दो जन्म प्रमाण पत्र, एक मोबाइल फोन तथा बांग्लादेशी दवाइयों का पत्ता और बांग्लादेश के राष्ट्रीय पहचान पत्र की फोटोप्रति बरामद की गई है।
स्थानीय अभिसूचना इकाई से मिली सूचना के आधार पर आईएसबीटी चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक आशीष कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने संस्कृति लोक कॉलोनी, हरिद्वार बाइपास क्षेत्र में छापेमारी की। मौके से सुबेदा बेगम (40) पुत्री सादिक मिया, निवासी ग्राम राजा कादूपुर, थाना बनियाचांग, बांग्लादेश को हिरासत में लिया गया।
बिना पासपोर्ट भारत में प्रवेश कबूला
पूछताछ में आरोपी महिला ने स्वीकार किया कि वह करीब चार वर्ष पूर्व कोविड लॉकडाउन के दौरान बिना पासपोर्ट तारबाड़ के नीचे से सीमा पार कर भारत में दाखिल हुई थी। पहले वह पश्चिम बंगाल में रही और बाद में देहरादून आकर रहने लगी। उसने सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए जनसेवा केंद्रों के माध्यम से फर्जी भारतीय दस्तावेज तैयार कराए।
फर्जी दस्तावेजों का जाल
पुलिस जांच में महिला के पास अलग-अलग नामों और पतों से बने तीन वोटर आईडी, पैन कार्ड, आधार कार्ड और जन्म प्रमाण पत्र पाए गए। बरामद मोबाइल फोन की जांच में बांग्लादेश सरकार द्वारा जारी राष्ट्रीय पहचान पत्र भी मिला, जिससे उसकी विदेशी नागरिकता की पुष्टि हुई।
इन धाराओं में मुकदमा दर्ज
आरोपी महिला के खिलाफ धारा 318(4), 336(3), 338, 340(2) बीएनएस, विदेशी अधिनियम 1946 की धारा 14 और पासपोर्ट अधिनियम 1967 की धारा 3 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
सीएससी सेंटर संचालकों की भी होगी जांच
पुलिस के अनुसार, जिन जनसेवा केंद्रों से फर्जी दस्तावेज बनाए गए, उनके संचालकों और संबंधित बीएलओ की भूमिका की भी जांच की जा रही है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।




