हेट क्राइम और हेट स्पीच पर डॉ. सागर सक्सेना का शोध, हासिल की लॉ में डॉक्टरेट

प्रो. (डॉ.) अनिल कुमार दीक्षित के मार्गदर्शन में पूरा किया शोध, मौखिक परीक्षा भी की उत्तीर्ण
देहरादून। भारत में हेट क्राइम और हेट स्पीच जैसे गंभीर सामाजिक एवं कानूनी मुद्दों पर शोध करते हुए लॉ कॉलेज देहरादून के पीएचडी शोधार्थी सागर सक्सेना ने डॉक्टरेट की उपाधि के लिए अपनी योग्यता पूरी कर ली है। उन्होंने “ए सोसियो-लीगल स्टडी ऑन हेट क्राइम इन इंडिया विद स्पेशल रेफरेंस टू हेट स्पीच” विषय पर शोध प्रस्तुत किया और सफलतापूर्वक मौखिक परीक्षा उत्तीर्ण की।
यह शोध देवभूमि उत्तराखंड यूनिवर्सिटी के लॉ स्कूल के डीन प्रोफेसर (डॉ.) अनिल कुमार दीक्षित के मार्गदर्शन में पूरा किया गया। शोध के दौरान भारत में हेट क्राइम और हेट स्पीच के सामाजिक तथा कानूनी पहलुओं का अध्ययन किया गया।
पीएचडी की मौखिक परीक्षा के लिए पंजाब यूनिवर्सिटी के लॉ विभाग की डीन प्रोफेसर वंदना अरोड़ा बाह्य परीक्षक के रूप में मौजूद रहीं। वहीं, उत्तरांचल यूनिवर्सिटी के रिसर्च डीन प्रोफेसर अजय सिंह ने लॉ पीएचडी की थीसिस को पटल पर रखा।
इस अवसर पर लॉ विभाग की प्राचार्य प्रोफेसर पूनम रावत सहित विभाग के फैकल्टी सदस्य और शोधार्थी मौजूद रहे। इनमें डॉ. खालिक अहमद, डॉ. रमाकांत त्रिपाठी, डॉ. कुलजीत सिंह, डॉ. ऐश्वर्या सिंह, डॉ. प्रिया विनंजामुरी, डॉ. भुवनेश्वरी और डॉ. जितेंद्र सिंह शामिल रहे। शोधार्थियों में श्रीमती कल्पना बिलगेय, संगीत शर्मा समेत अन्य उपस्थित रहे।
सागर सक्सेना की इस उपलब्धि पर विभाग के शिक्षकों और शोधार्थियों ने उन्हें बधाई दी और उनके उज्ज्वल शैक्षणिक भविष्य की कामना की।




