उत्तराखंड में वर्दीधारी पदों पर एकीकृत नियमावली लागू
अब उप निरीक्षक और सिपाही पदों की भर्ती होगी एक ही मापदंड से, युवाओं को मिलेगा समान अवसर

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर राज्य सरकार ने वर्दीधारी पदों पर सीधी भर्ती के लिए एकीकृत नियमावलियाँ लागू कर दी हैं। इस कदम का उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी, निष्पक्ष और एकरूप बनाना है, जिससे योग्य युवाओं को समान अवसर मिल सकें।
नई नियमावलियों से भर्ती प्रक्रिया को और अधिक व्यवस्थित किया जाएगा। अब विभिन्न विभागों में अलग-अलग नियमों के बजाय एक ही चयन प्रक्रिया अपनाई जाएगी। इससे न केवल उम्मीदवारों को सहूलियत होगी बल्कि भर्ती तेज और निष्पक्ष भी हो सकेगी।
दो प्रमुख नियमावलियाँ जारी
1. उत्तराखंड वर्दीधारी उप निरीक्षक पदों पर सीधी भर्ती की चयन प्रक्रिया नियमावली-2025
यह समूह ‘ग’ के उप निरीक्षक (सब-इंस्पेक्टर) और समकक्ष पदों पर भर्ती के लिए है।
इसमें पुलिस, खुफिया, पीएसी, अग्निशमन, होमगार्ड, वन, आबकारी और युवा कल्याण विभाग शामिल होंगे।
उप निरीक्षक (नागरिक पुलिस/अभिसूचना), प्लाटून कमांडर, गुल्म नायक (पीएसी/आईआरबी), अग्निशमन द्वितीय अधिकारी, उप कारापाल, वन दरोगा, आबकारी उप निरीक्षक और क्षेत्रीय युवा कल्याण एवं प्रान्तीय रक्षक दल अधिकारी जैसे पद सम्मिलित होंगे।
उत्तराखंड वर्दीधारी सिपाही पदों पर सीधी भर्ती की चयन प्रक्रिया नियमावली-2025
इसके तहत सिपाही और समकक्ष पदों पर भर्ती होगी।
आरक्षी पुलिस, आरक्षी पीएसी, आरक्षी आईआरबी, अग्निशामक, बंदी रक्षक, वन आरक्षी, आबकारी सिपाही, परिवहन प्रवर्तन सिपाही और सचिवालय/विधान भवन रक्षक जैसे पद शामिल होंगे।
युवाओं के लिए बड़ी राहत
राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि नई नियमावलियाँ युवाओं के हितों और सुविधा को ध्यान में रखकर तैयार की गई हैं। इससे वर्दीधारी पदों पर भर्ती पारदर्शी और निष्पक्ष होगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि “उत्तराखंड सरकार की प्रतिबद्धता के अनुरूप वर्दीधारी पदों हेतु तैयार की गई नई नियमावलियाँ युवाओं को पारदर्शी और निष्पक्ष भर्ती के अवसर प्रदान करने के साथ ही राज्य की सुरक्षा और सेवा व्यवस्था को और अधिक सशक्त बनाएंगी।”



